कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में ज्ञानेश्वरी यादव का कमाल, शानदार प्रदर्शन से भारत को दिलाया सिल्वर मेडल
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय वेटलिफ्टर ज्ञानेश्वरी यादव ने अपनी शानदार ताकत और बेहतरीन तकनीक का प्रदर्शन करते हुए महिलाओं की 53 किलोग्राम स्पर्धा में सिल्वर मेडल जीत लिया। इस उपलब्धि के साथ भारत के खाते में प्रतियोगिता का पांचवां पदक जुड़ गया। पूरे मुकाबले के दौरान ज्ञानेश्वरी ने गोल्ड मेडल के लिए कड़ी चुनौती पेश की, लेकिन अंत में नाइजीरिया की ओनोम ओमोलोला दिदीह ने रिकॉर्ड प्रदर्शन के दम पर पहला स्थान हासिल कर लिया। इसके बावजूद भारतीय खिलाड़ी के प्रदर्शन ने देश का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया।
स्नैच और क्लीन एंड जर्क में दिखाया दमदार खेल
ज्ञानेश्वरी यादव ने कुल 199 किलोग्राम वजन उठाकर दूसरा स्थान हासिल किया। उन्होंने स्नैच में 88 किलोग्राम और क्लीन एंड जर्क में 111 किलोग्राम का सफल प्रयास किया। वहीं नाइजीरिया की ओनोम ओमोलोला दिदीह ने कुल 206 किलोग्राम वजन उठाकर न सिर्फ गोल्ड मेडल जीता, बल्कि कॉमनवेल्थ गेम्स का नया रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया। कनाडा की रेबेका ग्रोलक्स ने 178 किलोग्राम वजन उठाकर कांस्य पदक हासिल किया। शुरुआती राउंड से ही ज्ञानेश्वरी ने लगातार शानदार लिफ्ट करते हुए खुद को पदक की दौड़ में बनाए रखा।
हर प्रयास में बढ़ाया प्रदर्शन
क्लीन एंड जर्क राउंड में मुकाबला बेहद रोमांचक रहा। ज्ञानेश्वरी ने पहले 103 किलोग्राम, फिर 107 किलोग्राम और अंत में 111 किलोग्राम का सफल प्रयास किया। दूसरी ओर ओनोम दिदीह ने हर चुनौती का जवाब देते हुए 105, 110 और निर्णायक बढ़त के साथ कुल 206 किलोग्राम का रिकॉर्ड स्कोर बनाया। आखिरी प्रयास तक दोनों खिलाड़ियों के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिली, लेकिन अंततः भारतीय स्टार को सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा। हालांकि उनके प्रदर्शन ने यह साबित कर दिया कि वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की सबसे भरोसेमंद वेटलिफ्टरों में शामिल हो चुकी हैं।
पदक तालिका में भारत की स्थिति हुई मजबूत
ज्ञानेश्वरी यादव के सिल्वर मेडल ने भारत की पदक तालिका को भी मजबूती दी है। अब भारत के खाते में एक स्वर्ण, तीन रजत और एक कांस्य सहित कुल पांच पदक हो चुके हैं, जिसके साथ भारतीय दल आठवें स्थान पर पहुंच गया है। वेटलिफ्टिंग भारत के लिए अब तक सबसे सफल खेल साबित हुआ है, जहां मीराबाई चानू ने गोल्ड जबकि ऋषिकांत सिंह चनांबम, मुथुपांडी राजा और ज्ञानेश्वरी यादव ने सिल्वर मेडल जीते हैं। वहीं पैरा पावरलिफ्टिंग में झंडू कुमार के कांस्य पदक ने भारत के शानदार अभियान को और मजबूत बनाया।