गर्मी बचने के लिए कुत्ते का सूप पीने की सलाह! उत्तर कोरिया का अजीब फरमान, वजह कर देगी हैरान
उत्तर कोरिया इन दिनों भीषण गर्मी की मार झेल रहा है। तापमान लगातार नए रिकॉर्ड बना रहा है और इस संकट से निपटने के लिए वहां ऐसी सलाह दी गई है, जिसने दुनिया भर का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। सरकारी स्तर पर लोगों को पारंपरिक डॉग मीट सूप पीने की सलाह दी जा रही है। दावा किया जा रहा है कि यह शरीर को ऊर्जा देने के साथ-साथ लू और अत्यधिक गर्मी से होने वाली परेशानियों से बचाने में मददगार साबित हो सकता है।
सरकारी अखबार में डॉक्टर की सलाह
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कोरियाई प्रायद्वीप के कई इलाकों में पारा 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। इसी बीच उत्तर कोरिया के सरकारी अखबार में देश के एक वरिष्ठ डॉक्टर का इंटरव्यू प्रकाशित किया गया, जिसमें लोगों को पारंपरिक डॉग मीट सूप पीने की सलाह दी गई। डॉक्टर का कहना है कि भीषण गर्मी के दौरान यह सूप शरीर को ताकत देने और गर्मी के असर को कम करने में सहायक माना जाता है।
क्या है डांगोगी गुक?
उत्तर कोरिया में इस पारंपरिक व्यंजन को कोरियाई भाषा में ‘डांगोगी गुक’ कहा जाता है, जिसका अर्थ ‘स्वीट मीट सूप’ होता है। सरकारी दावों के अनुसार, यह सूप पौष्टिक माना जाता है और शरीर को अतिरिक्त ऊर्जा प्रदान करता है। इसके बारे में यह भी कहा गया है कि यह हीट स्ट्रोक से बचाने के साथ-साथ हृदय संबंधी समस्याओं, डायबिटीज और हाइपरथायरॉयडिज्म जैसी बीमारियों से जूझ रहे लोगों के लिए भी लाभकारी हो सकता है।
ताकत बढ़ाने के दावों पर वैज्ञानिकों की राय
उत्तर कोरिया में लंबे समय से यह मान्यता रही है कि कुत्ते के मांस से बना सूप पुरुषों की शारीरिक क्षमता और रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने में मदद करता है। हालांकि, वैज्ञानिक समुदाय इन दावों पर एकमत नहीं है। विशेषज्ञों का कहना है कि इन स्वास्थ्य संबंधी दावों का समर्थन करने वाले पर्याप्त और ठोस वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध नहीं हैं, इसलिए इन्हें प्रमाणित चिकित्सा सलाह नहीं माना जा सकता।
राजधानी में खास रेस्तरां और किम जोंग उन की पसंद
रिपोर्ट्स के अनुसार, राजधानी प्योंगयांग में ऐसे रेस्तरां मौजूद हैं, जहां विशेष रूप से डॉग मीट से तैयार यह सूप परोसा जाता है। दावा किया जाता है कि उत्तर कोरिया के सर्वोच्च नेता किम जोंग उन भी इस व्यंजन को पसंद करते हैं। इतना ही नहीं, कई सरकारी भोज और आधिकारिक डिनर में भी इस पारंपरिक डिश को मेन्यू का हिस्सा बनाया जाता है।
100 साल की सबसे भीषण गर्मी का सामना
कोरियाई प्रायद्वीप इस समय पिछले लगभग 100 वर्षों की सबसे भीषण गर्मी से जूझ रहा है। दक्षिण कोरिया के यांगसान शहर में तापमान 42.5 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज किया गया, जिसे बीते एक सदी का सबसे अधिक तापमान बताया जा रहा है। लगातार बढ़ती गर्मी के बीच उत्तर कोरिया में पारंपरिक उपायों को बढ़ावा दिया जा रहा है, लेकिन स्वास्थ्य विशेषज्ञ वैज्ञानिक प्रमाणों के आधार पर ही किसी भी चिकित्सा दावे पर भरोसा करने की सलाह देते हैं।