UP में आराधना मिश्रा की ताजपोशी, पंजाब में परगट सिंह को कमान… चुनाव से पहले कांग्रेस में बड़े बदलाव
उत्तर प्रदेश और पंजाब में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने अपने संगठन में बड़ा फेरबदल किया है। पार्टी ने गांधी जयंती के दिन दोनों राज्यों के प्रदेश अध्यक्ष बदलने का ऐलान किया। उत्तर प्रदेश में अजय राय की जगह विधायक आराधना मिश्रा ‘मोना’ को प्रदेश कांग्रेस की जिम्मेदारी दी गई है, जबकि पंजाब में पूर्व ओलंपियन और जालंधर कैंट के विधायक परगट सिंह को पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी का नया अध्यक्ष बनाया गया है। यूपी में आराधना मिश्रा के साथ सहारनपुर के सांसद इमरान मसूद को कार्यकारी अध्यक्ष की जिम्मेदारी भी दी गई है।
आराधना मिश्रा को मिली यूपी कांग्रेस की कमान
उत्तर प्रदेश में कांग्रेस ने आराधना मिश्रा ‘मोना’ को प्रदेश अध्यक्ष बनाकर संगठन की कमान उनके हाथों में सौंप दी है। वह प्रतापगढ़ की रामपुर खास विधानसभा सीट से विधायक हैं और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रमोद तिवारी की बेटी हैं। आराधना मिश्रा तीन बार विधायक रह चुकी हैं और लंबे समय से उत्तर प्रदेश की राजनीति में सक्रिय हैं। प्रदेश संगठन और विधानसभा की राजनीति में उनके अनुभव को देखते हुए पार्टी ने उन्हें यह जिम्मेदारी दी है। उनके साथ इमरान मसूद को कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने से प्रदेश संगठन में क्षेत्रीय और सामाजिक प्रतिनिधित्व को भी जगह मिली है।
अजय राय की जगह आराधना मिश्रा
अजय राय को अगस्त 2023 में उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी का अध्यक्ष बनाया गया था। उनके नेतृत्व में कांग्रेस ने 2024 का लोकसभा चुनाव लड़ा था और अजय राय खुद वाराणसी सीट से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ मैदान में उतरे थे। पिछले कुछ समय से यूपी कांग्रेस में प्रदेश अध्यक्ष बदले जाने की चर्चा चल रही थी। सितंबर में यूपी प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम की प्रमोद तिवारी और आराधना मिश्रा से मुलाकात भी राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बनी थी। अब पार्टी ने औपचारिक तौर पर संगठन की कमान आराधना मिश्रा को सौंप दी है।
पंजाब में परगट सिंह को मिली बड़ी जिम्मेदारी
पंजाब में कांग्रेस ने पूर्व भारतीय हॉकी कप्तान और जालंधर कैंट के विधायक परगट सिंह को प्रदेश अध्यक्ष बनाया है। उन्होंने अमरिंदर सिंह राजा वडिंग की जगह ली है। यह बदलाव 2027 के पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले हुआ है। परगट सिंह लंबे समय से पंजाब कांग्रेस की राजनीति में सक्रिय हैं और पार्टी संगठन में अलग-अलग जिम्मेदारियां निभा चुके हैं। वह चरणजीत सिंह चन्नी की सरकार में मंत्री भी रह चुके हैं और नवजोत सिंह सिद्धू के प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष रहते हुए महासचिव की भूमिका में भी रहे हैं।
राजा वडिंग ने सौंपा इस्तीफा
पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व परिवर्तन की जमीन पहले ही तैयार हो गई थी। अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने हाल ही में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने की घोषणा की थी। इसके बाद 2 अक्टूबर को उन्होंने राहुल गांधी को अपना इस्तीफा सौंप दिया। इसी बीच प्रदेश अध्यक्ष के लिए परगट सिंह का नाम प्रमुखता से चर्चा में था और अब कांग्रेस आलाकमान ने उन्हें औपचारिक तौर पर पार्टी की पंजाब इकाई की कमान सौंप दी है। परगट सिंह हॉकी के क्षेत्र में भी अपनी पहचान बना चुके हैं। उन्हें पद्मश्री और अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया जा चुका है।
चुनाव से पहले संगठन पर कांग्रेस का फोकस
उत्तर प्रदेश और पंजाब दोनों ही राज्यों में अगले साल विधानसभा चुनाव होने हैं। ऐसे में दोनों प्रदेशों में नेतृत्व परिवर्तन को कांग्रेस के संगठनात्मक स्तर पर महत्वपूर्ण बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है। हालांकि पार्टी ने इन नियुक्तियों के पीछे अपने संगठनात्मक फैसले के अलावा कोई अलग राजनीतिक कारण सार्वजनिक रूप से नहीं बताया है। अब आराधना मिश्रा और परगट सिंह के सामने अपने-अपने राज्यों में प्रदेश संगठन को आगे बढ़ाने और चुनावी तैयारियों के बीच पार्टी की गतिविधियों का नेतृत्व करने की जिम्मेदारी होगी।